
कार्यक्रम में बड़ी संख्या में अकीदतमंदों ने शिरकत की। दरगाह कमेटी के सदर हाजी सरवर खान, सदस्यगण और समाज के कई प्रमुख लोग मौजूद रहे। शाम में नमाजे मगरिब के बाद इंतेजामिया कमेटी की ओर से आम लंगर का आयोजन किया गया जिसमें सैकड़ों लोगों ने भाग लिया।
रात्रि को नमाजे इशा के बाद महफिले मीलाद का आयोजन हुआ, जिसमें मुफ्ती-ए-आजम राजस्थान हज़रत मुफ्ती शेर मोहम्मद खान (दारुल उलूम इस्हाकिया, जोधपुर), मौलाना मेहदी मियां चिश्ती (अजमेर शरीफ) और मौलाना निसार अहमद (बासनी, नागौर) ने जश्न में तकरीर पेश की। इस दौरान कारी मुहम्मद जावेद रज़ा कादरी (बासनी) और मुहम्मद इरशाद कादरी (उदयपुर) ने नातिया कलाम पेश किए।
कार्यक्रम का शेष शेड्यूल इस प्रकार रहेगा: दूसरे दिन (1 जुलाई) शाम नमाजे अस्र के बाद कुरआन ख्वानी होगी। फिर नमाजे मगरिब के बाद आम लंगर और रात्रि में फिर महफिले मीलाद आयोजित होगी जिसमें कई आलिम और नातख्वां शिरकत करेंगे।
तीसरे और अंतिम दिन (2 जुलाई) को नमाजे जुहर से पूर्व कुल शरीफ की फातिहा पढ़ी जाएगी। इसके बाद सभी ज़ायरिनों के लिए आम लंगर का आयोजन होगा।
Bhupendra Singh Chundawat is a seasoned technology journalist with over 22 years of experience in the media industry. He specializes in covering the global technology landscape, with a deep focus on manufacturing trends and the geopolitical impact on tech companies. Currently serving as the Editor at Udaipur Kiran, his insights are shaped by decades of hands-on reporting and editorial leadership in the fast-evolving world of technology.




